मौसम 10 जनवरी 2026: देश में बदला मौसम का मिजाज, 4 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, 11 राज्यों में शीतलहर

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Javed Haider Zaidi

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भारत में मौसम का बदला मिजाज, उत्तर भारत में घना कोहरा और ठंड जबकि दक्षिण भारत में तेज बारिश का दृश्य

मौसम 10 जनवरी 2026: देशभर में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। एक ओर जहां उत्तर भारत कड़ाके की ठंड, शीतलहर और घने कोहरे की चपेट में है, वहीं दक्षिण भारत में बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने गहरे अवदाब के कारण कई राज्यों में तेज बारिश की चेतावनी जारी की गई है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, आने वाले कुछ दिनों तक मौसम की यह दोहरी तस्वीर बनी रह सकती है।

उत्तर भारत में ठंड और कोहरे का कहर जारी

IMD के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, उत्तर-पश्चिम भारत, बिहार और मध्य भारत के कई हिस्सों में अगले 5 से 7 दिनों तक सुबह के समय घना कोहरा छाए रहने की संभावना है। राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, बिहार और मध्य प्रदेश के कुछ इलाकों में शीत दिवस की स्थिति बनी रह सकती है, जिससे दिन के तापमान में सामान्य से अधिक गिरावट दर्ज की जा सकती है।

11 राज्यों में शीतलहर का अलर्ट

मौसम विभाग ने बताया है कि 10 और 11 जनवरी के दौरान हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, ओडिशा और उत्तरी आंतरिक कर्नाटक के कुछ हिस्सों में शीतलहर चलने की संभावना है। इसके अलावा उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार में 10 जनवरी को जबकि राजस्थान में 11 से 14 जनवरी तक शीतलहर का प्रभाव देखा जा सकता है।

दक्षिण भारत में भारी बारिश की चेतावनी

दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने गहरे अवदाब का असर दक्षिण भारत के मौसम पर साफ नजर आ रहा है। IMD के अनुसार, 9 और 10 जनवरी को अरुणाचल प्रदेश, तमिलनाडु, केरल और कर्नाटक के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। 11 जनवरी को भी कुछ इलाकों में तेज बारिश जारी रह सकती है। मौसम विभाग ने मछुआरों को बंगाल की खाड़ी और आसपास के समुद्री क्षेत्रों में न जाने की सलाह दी है।

दिल्ली-एनसीआर में आज कैसा रहेगा मौसम

दिल्ली-एनसीआर में ठंड का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। IMD के अनुसार, आने वाले दिनों में भी शीतलहर की स्थिति बनी रह सकती है। शुक्रवार को राजधानी में इस सर्दी की सबसे ठंडी सुबह दर्ज की गई, जहां न्यूनतम तापमान रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गया। कई इलाकों में हल्की बारिश और घना कोहरा भी देखा गया, जिससे विजिबिलिटी पर असर पड़ा।

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उत्तर प्रदेश में मौसम का हाल

उत्तर प्रदेश में अगले दो दिनों के दौरान लोगों को कड़ाके की ठंड और कोहरे से कुछ हद तक राहत मिल सकती है। मौसम विभाग के मुताबिक, पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से धूप निकलने की संभावना है, जिससे ठंड में मामूली कमी आ सकती है। हालांकि, कई जिलों में हल्की बूंदाबांदी के भी आसार बने हुए हैं। लखनऊ और आसपास के इलाकों में सुबह के समय हल्की धुंध छाई रह सकती है।

बिहार में शीतलहर और शीत दिवस की आशंका

बिहार में ठंड का प्रकोप अभी जारी रहेगा। मौसम विभाग ने 10 और 11 जनवरी को राज्य के कुछ हिस्सों में शीत दिवस की चेतावनी जारी की है। इस दौरान दिन के तापमान में सामान्य से अधिक गिरावट दर्ज हो सकती है और घने कोहरे के कारण जनजीवन प्रभावित हो सकता है।

कश्मीर में भीषण ठंड, डल झील जमी

कश्मीर घाटी में भीषण ठंड का दौर जारी है। तापमान हिमांक बिंदु से कई डिग्री नीचे चले जाने के कारण श्रीनगर में इस मौसम की सबसे ठंडी रात दर्ज की गई। ठंड के चलते डल झील के कुछ हिस्से जम गए हैं। घाटी इस समय ‘चिल्ला-ए-कलां’ के दौर से गुजर रही है, जो 21 दिसंबर से शुरू होकर 29 जनवरी 2026 तक चलेगा। IMD के अनुसार, 21 जनवरी तक मौसम शुष्क रहने और आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है। हालांकि 10 जनवरी के बाद रात के तापमान में एक से दो डिग्री की बढ़ोतरी हो सकती है।

प्रमुख शहरों का अनुमानित तापमान (10 जनवरी 2026)

शहरअधिकतम तापमानन्यूनतम तापमान
दिल्ली16°C06°C
मुंबई28°C23°C
कोलकाता20°C12°C
चेन्नई27°C24°C
लखनऊ18°C09°C
पटना15°C09°C
रांची21°C08°C
भोपाल23°C09°C
नैनीताल14°C02°C
शिमला12°C01°C
जयपुर19°C08°C

मौसम विभाग की सलाह

मौसम विभाग ने लोगों को ठंड और कोहरे को देखते हुए सतर्क रहने की सलाह दी है। खासकर सुबह और रात के समय यात्रा करते समय सावधानी बरतने, गर्म कपड़े पहनने और मौसम से जुड़े अपडेट पर नजर बनाए रखने की अपील की गई है।

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PPF निवेशकों के लिए अहम खबर: अप्रैल में इस तारीख को भूलना पड़ सकता है महंगा

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"PPF निवेश करने वाले निवेशकों के लिए अप्रैल में जरूरी तारीख की जानकारी, सही समय पर जमा करने पर ज्यादा ब्याज, देर से निवेश करने पर नुकसान, PPF की ब्याज दर और फायदे, सुरक्षित लंबी अवधि की निवेश योजना, 1 से 5 तारीख के बीच निवेश करने के लाभ।"

अगर आप सुरक्षित और लंबे समय के निवेश की सोच रहे हैं, तो पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) आपके लिए सबसे भरोसेमंद विकल्पों में से एक है। यह सरकारी योजना न सिर्फ आपका पैसा सुरक्षित रखती है, बल्कि समय के साथ अच्छा रिटर्न भी देती है। लेकिन PPF में निवेश करते समय एक छोटी-सी तारीख की अनदेखी आपको सालभर के ब्याज में नुकसान पहुँचा सकती है। खासतौर पर अप्रैल महीने में यह बहुत अहम है।

PPF में निवेश का सही समय क्यों है जरूरी?

PPF में ब्याज की गणना हर महीने 5 तारीख से लेकर महीने के आखिरी दिन के बीच के न्यूनतम बैलेंस के आधार पर होती है। इसका मतलब साफ है:

  • अगर आप 1 से 5 अप्रैल के बीच निवेश करते हैं, तो आपको उस महीने का पूरा ब्याज मिलेगा।
  • लेकिन अगर आप 5 अप्रैल के बाद पैसा जमा करते हैं, तो ब्याज केवल अगले महीने से जुड़ना शुरू होगा।

यानी सिर्फ कुछ दिनों की देरी भी आपके सालभर के रिटर्न को कम कर सकती है।

देरी से निवेश करने पर कितना नुकसान हो सकता है?

आइए इसे एक उदाहरण से समझते हैं।

मान लीजिए आपने PPF अकाउंट में 1.5 लाख रुपये जमा किए।

  • अगर राशि 1 से 5 तारीख के बीच जमा होती है, तो सालाना ब्याज लगभग ₹10,650 होगा।
  • वहीं, अगर आप 5 तारीख के बाद निवेश करते हैं, तो सालाना ब्याज घटकर लगभग ₹9,763 रह जाता है।

यानी केवल एक दिन की देरी से लगभग ₹887 का नुकसान हो सकता है।

यह नुकसान छोटा लग सकता है, लेकिन PPF लंबी अवधि की योजना है, इसलिए समय पर निवेश करने से लंबे समय में काफी बड़ा फर्क पड़ता है।

PPF योजना के फायदे और खासियतें

PPF योजना को खासतौर पर सुरक्षित निवेश की तलाश करने वाले लोग पसंद करते हैं। इसकी कुछ मुख्य खूबियां हैं:

  • लंबी अवधि का निवेश: 15 साल
  • न्यूनतम निवेश राशि: ₹500
  • अधिकतम निवेश राशि: ₹1.5 लाख सालाना
  • ब्याज दर: करीब 7.1% (वर्तमान में)
  • टैक्स लाभ: धारा 80C के तहत पूरी तरह टैक्स-फ्री

यह योजना उन निवेशकों के लिए आदर्श है, जो बिना जोखिम लिए लंबे समय में अच्छा फंड बनाना चाहते हैं।

निवेश करते समय ध्यान रखने योग्य बातें

  1. कोशिश करें कि 1 से 5 तारीख के बीच ही पैसा जमा करें।
  2. अगर पूरे साल की एकमुश्त राशि जमा करना संभव नहीं है, तो हर महीने की शुरुआत में निवेश करें।
  3. PPF को लंबी अवधि की योजना मानकर ही निवेश करें।
  4. समय पर निवेश करने से आपके सालभर के ब्याज में बढ़ोतरी होगी।
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