स्कूल बंद का बड़ा अपडेट (20 जनवरी): यूपी के इस शहर में आज भी छुट्टी, जानिए कहां खुले स्कूल और कहां बदली टाइमिंग

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Javed Haider Zaidi

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ठंड और स्थानीय आयोजनों के कारण 20 जनवरी को प्रयागराज में स्कूल बंद, यूपी, पंजाब, बिहार और पुणे में स्कूल खुलने और बदली टाइमिंग से जुड़ा अपडेट

स्कूल बंद का बड़ा अपडेट (20 जनवरी): उत्तर भारत में कड़ाके की ठंड का असर अब धीरे-धीरे कम हो रहा है। इसी के साथ कई राज्यों में स्कूलों में पढ़ाई सामान्य रूप से शुरू हो चुकी है। हालांकि उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में आज भी स्कूल बंद रखे गए हैं। इसकी वजह ठंड नहीं, बल्कि माघ मेला और उससे जुड़ी व्यवस्थाएं हैं। देश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम, त्योहार और बड़े आयोजनों को देखते हुए स्कूलों को लेकर अलग-अलग फैसले लिए गए हैं। जानिए 20 जनवरी का ताजा अपडेट।

प्रयागराज में आज भी स्कूल बंद

उत्तर प्रदेश में ज्यादातर जिलों में स्कूल खुल चुके हैं, हालांकि कई जगहों पर समय में बदलाव किया गया है। लेकिन प्रयागराज में माघ मेला, मकर संक्रांति और मौनी अमावस्या के चलते भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने कक्षा 8 तक के सभी सरकारी और निजी स्कूल 20 जनवरी 2026 तक बंद रखने का आदेश दिया है। यह फैसला छात्रों की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।

यूपी के बाकी जिलों में स्कूल खुले

प्रयागराज को छोड़कर प्रदेश के अन्य जिलों में स्कूल फिर से खुल गए हैं। ठंड को देखते हुए कई जगहों पर स्कूलों की टाइमिंग बदली गई है, लेकिन पढ़ाई सामान्य रूप से शुरू हो चुकी है।

दिल्ली में सामान्य रूप से पढ़ाई शुरू

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में स्कूल पूरी तरह सामान्य तरीके से संचालित हो रहे हैं। यहां किसी तरह की अतिरिक्त छुट्टी या समय में बदलाव का आदेश नहीं है।

बिहार में विंटर वेकेशन खत्म

बिहार में स्कूलों का विंटर वेकेशन 17 जनवरी को समाप्त हो गया था। इसके बाद 19 जनवरी से राज्यभर के स्कूल दोबारा खुल गए हैं। फिलहाल किसी भी जिले में स्कूल बंद रखने का कोई नया आदेश जारी नहीं हुआ है।

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पंजाब में स्कूल खुले, समय बदला

पंजाब में ठंड से कुछ राहत मिलने के बाद 19 जनवरी से स्कूल खोल दिए गए हैं, लेकिन समय में बदलाव किया गया है। सरकारी निर्देशों के अनुसार 21 जनवरी तक प्राथमिक, अपर प्राइमरी, सेकेंडरी और सीनियर सेकेंडरी स्कूल सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक संचालित किए जा रहे हैं।

पुणे में आज कुछ इलाकों में छुट्टी

महाराष्ट्र के पुणे में ‘पुणे ग्रैंड टूर 2026’ साइक्लिंग इवेंट के चलते 20 जनवरी को कुछ क्षेत्रों में स्कूल बंद रखे गए हैं। जिला कलेक्टर जितेंद्र डूडी ने ट्रैफिक और छात्रों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया है।

आगे बदल सकते हैं फैसले

प्रशासन ने साफ किया है कि ठंड, कोहरा, प्रदूषण या स्थानीय आयोजनों की स्थिति के अनुसार आगे भी स्कूलों को लेकर फैसले बदले जा सकते हैं। ऐसे में अभिभावकों को सलाह दी गई है कि वे अपने जिले के प्रशासन और स्कूल से जारी होने वाले आधिकारिक आदेशों पर नियमित रूप से नजर बनाए रखें।

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PPF निवेशकों के लिए अहम खबर: अप्रैल में इस तारीख को भूलना पड़ सकता है महंगा

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"PPF निवेश करने वाले निवेशकों के लिए अप्रैल में जरूरी तारीख की जानकारी, सही समय पर जमा करने पर ज्यादा ब्याज, देर से निवेश करने पर नुकसान, PPF की ब्याज दर और फायदे, सुरक्षित लंबी अवधि की निवेश योजना, 1 से 5 तारीख के बीच निवेश करने के लाभ।"

अगर आप सुरक्षित और लंबे समय के निवेश की सोच रहे हैं, तो पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) आपके लिए सबसे भरोसेमंद विकल्पों में से एक है। यह सरकारी योजना न सिर्फ आपका पैसा सुरक्षित रखती है, बल्कि समय के साथ अच्छा रिटर्न भी देती है। लेकिन PPF में निवेश करते समय एक छोटी-सी तारीख की अनदेखी आपको सालभर के ब्याज में नुकसान पहुँचा सकती है। खासतौर पर अप्रैल महीने में यह बहुत अहम है।

PPF में निवेश का सही समय क्यों है जरूरी?

PPF में ब्याज की गणना हर महीने 5 तारीख से लेकर महीने के आखिरी दिन के बीच के न्यूनतम बैलेंस के आधार पर होती है। इसका मतलब साफ है:

  • अगर आप 1 से 5 अप्रैल के बीच निवेश करते हैं, तो आपको उस महीने का पूरा ब्याज मिलेगा।
  • लेकिन अगर आप 5 अप्रैल के बाद पैसा जमा करते हैं, तो ब्याज केवल अगले महीने से जुड़ना शुरू होगा।

यानी सिर्फ कुछ दिनों की देरी भी आपके सालभर के रिटर्न को कम कर सकती है।

देरी से निवेश करने पर कितना नुकसान हो सकता है?

आइए इसे एक उदाहरण से समझते हैं।

मान लीजिए आपने PPF अकाउंट में 1.5 लाख रुपये जमा किए।

  • अगर राशि 1 से 5 तारीख के बीच जमा होती है, तो सालाना ब्याज लगभग ₹10,650 होगा।
  • वहीं, अगर आप 5 तारीख के बाद निवेश करते हैं, तो सालाना ब्याज घटकर लगभग ₹9,763 रह जाता है।

यानी केवल एक दिन की देरी से लगभग ₹887 का नुकसान हो सकता है।

यह नुकसान छोटा लग सकता है, लेकिन PPF लंबी अवधि की योजना है, इसलिए समय पर निवेश करने से लंबे समय में काफी बड़ा फर्क पड़ता है।

PPF योजना के फायदे और खासियतें

PPF योजना को खासतौर पर सुरक्षित निवेश की तलाश करने वाले लोग पसंद करते हैं। इसकी कुछ मुख्य खूबियां हैं:

  • लंबी अवधि का निवेश: 15 साल
  • न्यूनतम निवेश राशि: ₹500
  • अधिकतम निवेश राशि: ₹1.5 लाख सालाना
  • ब्याज दर: करीब 7.1% (वर्तमान में)
  • टैक्स लाभ: धारा 80C के तहत पूरी तरह टैक्स-फ्री

यह योजना उन निवेशकों के लिए आदर्श है, जो बिना जोखिम लिए लंबे समय में अच्छा फंड बनाना चाहते हैं।

निवेश करते समय ध्यान रखने योग्य बातें

  1. कोशिश करें कि 1 से 5 तारीख के बीच ही पैसा जमा करें।
  2. अगर पूरे साल की एकमुश्त राशि जमा करना संभव नहीं है, तो हर महीने की शुरुआत में निवेश करें।
  3. PPF को लंबी अवधि की योजना मानकर ही निवेश करें।
  4. समय पर निवेश करने से आपके सालभर के ब्याज में बढ़ोतरी होगी।
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