Gold-Silver Prices: घरेलू सर्राफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में एक बार फिर हलचल देखने को मिली है। हाल ही में रिकॉर्ड स्तर छूने के बाद अब सोने के दामों में गिरावट दर्ज की गई है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोना अपने ऑल-टाइम हाई से फिसलकर नीचे आ गया, जिससे निवेशकों के बीच असमंजस की स्थिति बन गई है।
MCX पर क्यों टूटा सोना?
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये की मजबूती सोने की कीमतों पर दबाव बना रही है। इसके अलावा अंतरराष्ट्रीय बाजार में सीमित दायरे में कारोबार और मुनाफावसूली के कारण भी सोने के भाव में नरमी देखी जा रही है।
MCX पर सोना पिछले कुछ सत्रों में करीब ₹1,000 प्रति 10 ग्राम तक टूट चुका है, जबकि हाल ही में इसने रिकॉर्ड ऊंचाई दर्ज की थी।
चांदी की चाल भी बदली
सिर्फ सोना ही नहीं, बल्कि चांदी की कीमतों में भी उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। चांदी के भाव ऊंचे स्तर पर बने हुए हैं, लेकिन बाजार की अस्थिरता ने निवेशकों को सतर्क कर दिया है। औद्योगिक मांग और वैश्विक संकेतों के चलते चांदी फिलहाल सीमित दायरे में कारोबार कर रही है।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
कमोडिटी बाजार के जानकारों का मानना है कि मौजूदा गिरावट घबराने का संकेत नहीं, बल्कि रणनीतिक निवेश का अवसर हो सकती है।
विशेषज्ञों के मुताबिक:
- अल्पकालिक निवेशकों को फिलहाल सतर्क रहने की जरूरत है
- लंबी अवधि के निवेशक गिरावट पर धीरे-धीरे खरीदारी कर सकते हैं
- रुपये की चाल और वैश्विक संकेतों पर नजर रखना जरूरी है
क्या आगे फिर बढ़ेंगे दाम?
विश्लेषकों का कहना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अनिश्चितता बढ़ती है या डॉलर कमजोर होता है, तो सोने में एक बार फिर तेजी लौट सकती है। हालांकि फिलहाल बाजार कंसोलिडेशन फेज में नजर आ रहा है।
निष्कर्ष
रिकॉर्ड ऊंचाई के बाद सोने-चांदी के दामों में आई यह गिरावट निवेशकों के लिए सोचने का मौका लेकर आई है। बाजार विशेषज्ञों की मानें तो जल्दबाजी में फैसला लेने के बजाय सही रणनीति और धैर्य के साथ कदम उठाना ही समझदारी होगी।