राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में रविवार को हुई बारिश और तेज हवाओं का असर अब साफ तौर पर दिखाई देने लगा है। बारिश के बाद दिल्ली-एनसीआर की वायु गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार दर्ज किया गया है। सोमवार को दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 97 रिकॉर्ड किया गया, जिससे राजधानी की हवा ‘संतोषजनक’ श्रेणी में पहुंच गई है। लंबे समय बाद राजधानी की हवा में इस तरह का सुधार देखने को मिला है।
मौसम विभाग के अनुसार, रविवार को हुई हल्की से मध्यम बारिश ने हवा में मौजूद धूल और प्रदूषण के कणों को काफी हद तक कम कर दिया। इसके साथ ही तेज हवाओं ने भी प्रदूषण को फैलाकर हवा को साफ करने में अहम भूमिका निभाई। इसका सीधा असर सोमवार की एयर क्वालिटी रिपोर्ट में देखने को मिला।
बारिश के बाद तापमान में भी गिरावट
बारिश का असर सिर्फ वायु गुणवत्ता पर ही नहीं बल्कि तापमान पर भी पड़ा है। दिल्ली में न्यूनतम तापमान 17.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 2.3 डिग्री अधिक है। हालांकि बारिश और हवाओं के कारण मौसम अपेक्षाकृत ठंडा और सुहावना महसूस किया गया।
स्टेशनवार तापमान के आंकड़ों के अनुसार, पालम में न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 0.9 डिग्री अधिक है। लोधी रोड में 16.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 2.8 डिग्री ज्यादा है। वहीं रिज इलाके में 15.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया, जो सामान्य से 0.3 डिग्री कम रहा। आयानगर में न्यूनतम तापमान 16.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से 1.7 डिग्री अधिक है।
दिल्ली के कई इलाकों में हुई बारिश
मौसम विभाग के मुताबिक रविवार को दिल्ली के कई हिस्सों में हल्की बारिश दर्ज की गई। सुबह 8:30 बजे तक पिछले 24 घंटों के वर्षा आंकड़ों में सफदरजंग में 0.4 मिमी, लोधी रोड में 0.5 मिमी और आयानगर में 0.8 मिमी बारिश दर्ज की गई। वहीं पालम और रिज क्षेत्रों में बारिश नगण्य रही।
हालांकि बारिश की मात्रा ज्यादा नहीं थी, लेकिन यह प्रदूषण को कम करने के लिए पर्याप्त साबित हुई। बारिश के कारण वातावरण में मौजूद धूल के कण नीचे बैठ गए, जिससे हवा साफ हो गई।
‘संतोषजनक’ श्रेणी में पहुंची दिल्ली की हवा
बारिश और हवाओं के प्रभाव से सोमवार को दिल्ली का AQI 97 दर्ज किया गया। यदि 24 घंटे का औसत AQI इसी स्तर पर बना रहता है तो यह इस वर्ष का पहला दिन होगा जब राजधानी की वायु गुणवत्ता ‘संतोषजनक’ श्रेणी में दर्ज की जाएगी।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के मानकों के अनुसार, 0 से 50 के बीच AQI को ‘अच्छा’, 51 से 100 को ‘संतोषजनक’, 101 से 200 को ‘मध्यम’, 201 से 300 को ‘खराब’, 301 से 400 को ‘अत्यंत खराब’ और 401 से 500 के बीच AQI को ‘गंभीर’ श्रेणी में रखा जाता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि मौसम में इस तरह के बदलाव प्रदूषण के स्तर को अस्थायी रूप से कम करने में मदद करते हैं। हालांकि प्रदूषण की समस्या का स्थायी समाधान तभी संभव है जब प्रदूषण के स्रोतों पर सख्ती से नियंत्रण किया जाए। फिलहाल बारिश और तेज हवाओं ने दिल्लीवासियों को साफ हवा में सांस लेने का मौका जरूर दिया है।