मिडिल ईस्ट तनाव का असर: देशभर में LPG सिलेंडर की किल्लत, जमाखोरों पर सरकार का बड़ा एक्शन; हजारों सिलेंडर जब्त

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Javed Haider Zaidi

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LPG सिलेंडर की कमी के बीच गैस एजेंसी के बाहर सिलेंडर लेने के लिए लंबी कतार में खड़े लोग

मिडिल ईस्ट तनाव के बीच भारत में LPG संकट, जमाखोरों पर सरकार का सख्त एक्शन

मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष का असर अब भारत में भी महसूस किया जाने लगा है। अंतरराष्ट्रीय हालात के बीच देश के कई हिस्सों में एलपीजी सिलेंडर की कमी की खबरें सामने आ रही हैं। गैस एजेंसियों और गोदामों के बाहर सुबह से ही लंबी कतारें लग रही हैं, जहां लोग घंटों इंतजार के बाद भी कई बार खाली हाथ लौटने को मजबूर हो रहे हैं।

स्थिति को देखते हुए केंद्र और राज्य सरकारें अलर्ट मोड में हैं। प्रशासन ने एलपीजी सिलेंडर की जमाखोरी और कालाबाजारी के खिलाफ व्यापक अभियान शुरू कर दिया है। कई राज्यों में छापेमारी के दौरान बड़ी संख्या में सिलेंडर बरामद किए गए हैं और आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

लोगों से पैनिक बुकिंग न करने की अपील

सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे घबराहट में अतिरिक्त गैस बुकिंग न करें। अधिकारियों का कहना है कि सप्लाई सिस्टम को सामान्य बनाए रखने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसके बावजूद कई जगहों पर लोग सुबह से गैस एजेंसी के बाहर लाइन में खड़े नजर आ रहे हैं।

कई परिवारों के लिए खाना बनाने की समस्या भी खड़ी हो गई है। नौकरीपेशा लोग छुट्टी लेकर सिलेंडर लेने के लिए कतारों में लग रहे हैं, लेकिन देर शाम तक भी सभी को गैस मिल पाना संभव नहीं हो पा रहा।

जमाखोरों और कालाबाजारियों पर कार्रवाई

एलपीजी सिलेंडर की कृत्रिम कमी पैदा करने वालों के खिलाफ प्रशासन सख्त कार्रवाई कर रहा है। पुलिस और आपूर्ति विभाग की संयुक्त टीम कई शहरों में लगातार छापेमारी कर रही है।

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महंगे दामों पर सिलेंडर बेचने और अवैध तरीके से गैस स्टॉक करने वालों को गिरफ्तार किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि संकट की स्थिति में कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।

भोपाल में बड़ी कार्रवाई, हजारों सिलेंडर बरामद

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक बंद पड़ी गैस एजेंसी से भारी मात्रा में सिलेंडर बरामद किए। पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीम ने यहां से 668 सिलेंडर जब्त किए।

जांच के दौरान तीन ट्रकों में भरे सिलेंडर मिले। इसके अलावा रजिस्टर में दर्ज किए बिना रखे गए 1574 सिलेंडर भी बरामद किए गए हैं। शुरुआती जांच में सामने आया है कि एजेंसी संकट का फायदा उठाकर लोगों को महंगे दामों पर गैस बेच रही थी।

मुंबई में भी छापेमारी, कई सिलेंडर जब्त

देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में भी एलपीजी की कालाबाजारी के खिलाफ कार्रवाई तेज हो गई है। वर्ली इलाके में प्रशासन ने छापेमारी के दौरान घरेलू और कमर्शियल गैस सिलेंडर जब्त किए।

रेड के दौरान 5 किलो के छह भरे सिलेंडर और 58 खाली सिलेंडर बरामद किए गए। आरोप है कि यहां अवैध तरीके से सिलेंडर भरकर बाजार में ऊंचे दामों पर बेचे जा रहे थे।

एलपीजी संकट का असर शहर के होटल और रेस्टोरेंट उद्योग पर भी पड़ा है। कई बड़े रेस्टोरेंट फिलहाल बंद हो चुके हैं, जबकि कुछ जगहों पर खाना बनाने के लिए इंडक्शन, कोयले या लकड़ी के चूल्हों का सहारा लिया जा रहा है।

उत्तर प्रदेश में भी प्रशासन अलर्ट

उत्तर प्रदेश में भी गैस सिलेंडर की मांग अचानक बढ़ने से कई जिलों में लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। राज्य सरकार ने स्थिति को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।

मुरादाबाद में जिलापूर्ति अधिकारी ने एक गैस एजेंसी पर छापेमारी की। एजेंसी के खिलाफ बुकिंग और डिलिवरी में गड़बड़ी की शिकायतें मिल रही थीं। जांच के दौरान अनियमितताएं मिलने पर गैस गोदाम को सील कर दिया गया।

नोएडा और आसपास के इलाकों में भी गैस एजेंसियों के बाहर लोगों की लंबी कतारें देखी जा रही हैं।

छत्तीसगढ़ में 741 सिलेंडर जब्त

छत्तीसगढ़ सरकार ने भी एलपीजी की जमाखोरी के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। राज्य के अलग-अलग जिलों में 102 जगहों पर छापेमारी की गई, जिसमें कुल 741 सिलेंडर जब्त किए गए।

राजधानी रायपुर में सबसे ज्यादा 392 सिलेंडर बरामद हुए हैं। अधिकारियों का कहना है कि जमाखोरी करने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।

सप्लाई सामान्य करने की कोशिश

सरकारी एजेंसियों का कहना है कि देश में एलपीजी की सप्लाई को स्थिर बनाए रखने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। प्रशासन का दावा है कि जमाखोरी और कालाबाजारी पर सख्ती से अंकुश लगाने के बाद स्थिति धीरे-धीरे सामान्य होने की उम्मीद है।

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पीएम मोदी 28 मार्च को करेंगे नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का उद्घाटन, सीएम योगी ने लिया तैयारियों का जायजा

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नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे

नोएडा में बने नए अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के उद्घाटन की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को हवाई अड्डे का निरीक्षण किया और उद्घाटन समारोह की तैयारियों का जायजा लिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस हवाई अड्डे का उद्घाटन 28 मार्च को करेंगे, जिससे नोएडा और आसपास के क्षेत्रों के लिए हवाई यातायात में नई गति आने की संभावना है।

जेवर स्थित हवाई अड्डे का दौरा

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लखनऊ से गाजियाबाद के हिंडन हवाई अड्डे पहुंचे और वहां से हेलीकॉप्टर के माध्यम से जेवर स्थित नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पहुंचे। लगभग डेढ़ घंटे तक चली बैठक में अधिकारियों ने उद्घाटन समारोह की रूपरेखा, सुरक्षा योजना, जनसभा के लिए संभावित संख्या, बैठने की व्यवस्था और अन्य तैयारियों की जानकारी दी।

सुरक्षा और प्रशासनिक तैयारियां

सीएम योगी ने हवाई अड्डे और जनसभा स्थल का निरीक्षण किया और सुरक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा की। इस दौरान उत्तर प्रदेश शासन के अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार और विशेष सचिव ईशान प्रताप सिंह भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री के आगमन के दौरान सुरक्षा, साफ-सफाई, पेयजल, विद्युत आपूर्ति, चिकित्सा सुविधा, अग्नि सुरक्षा और आपातकालीन सेवाओं का विशेष ध्यान रखा जाएगा।

पार्किंग और जनसभा व्यवस्थाओं पर ध्यान

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसभा स्थल पर पार्किंग व्यवस्था सुव्यवस्थित रूप से बनाई जाए। इसके अलावा, सभी आवश्यक व्यवस्थाओं का समुचित इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।

वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति

इस अवसर पर गौतमबुद्ध नगर के सांसद डॉक्टर महेश शर्मा, प्रभारी मंत्री कुंवर बृजेश सिंह, जेवर के विधायक धीरेंद्र सिंह, पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह, जिलाधिकारी मेघा रूपम, यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के CEO राकेश कुमार सिंह, नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा लिमिटेड के CEO क्रिस्टोफ श्रेलमैन और COO किरण जैन सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के संचालन से न केवल प्रदेश बल्कि पूरे उत्तर भारत के लिए हवाई यात्रा और वाणिज्यिक अवसरों में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है। विशेषज्ञों के अनुसार, हवाई अड्डे के शुरू होने से व्यापार, पर्यटन और रोजमर्रा की यातायात सुविधा में उल्लेखनीय बदलाव देखने को मिलेगा।

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