देश के साथ विश्वासघात का आरोप: पूर्व अमेरिकी F-35 इंस्ट्रक्टर पायलट जेराल्ड एडी ब्राउन गिरफ्तार, चीनी सैन्य पायलटों को दी कथित ट्रेनिंग

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पूर्व अमेरिकी वायुसेना पायलट जेराल्ड एडी ब्राउन को चीनी सैन्य पायलटों को बिना लाइसेंस ट्रेनिंग देने के आरोप में गिरफ्तार किया गया।

अमेरिका में राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े एक गंभीर मामले में पूर्व वायुसेना अधिकारी जेराल्ड एडी ब्राउन को गिरफ्तार कर लिया गया है। 65 वर्षीय ब्राउन पर आरोप है कि उन्होंने बिना वैध अनुमति के चीनी सैन्य पायलटों को रक्षा संबंधी ट्रेनिंग दी और इसके लिए अनुबंध भी किए।

अमेरिकी न्याय विभाग के अनुसार, यह मामला अमेरिकी आर्म्स एक्सपोर्ट कंट्रोल एक्ट (AECA) के उल्लंघन से जुड़ा है। जांच एजेंसियों का कहना है कि ब्राउन ने इंटरनेशनल ट्रैफिक इन आर्म्स रेगुलेशंस (ITAR) के तहत आवश्यक लाइसेंस लिए बिना संवेदनशील सैन्य प्रशिक्षण सेवाएं प्रदान कीं।

F-35 के रहे इंस्ट्रक्टर पायलट

न्याय विभाग के नेशनल सिक्योरिटी डिवीजन के सहायक अटॉर्नी जनरल जॉन आइजनबर्ग ने कहा कि ब्राउन को अमेरिकी वायुसेना ने एक कुशल फाइटर पायलट के रूप में तैयार किया था और उन पर देश की सुरक्षा की जिम्मेदारी थी।

ब्राउन ने 24 वर्षों से अधिक समय तक अमेरिकी वायुसेना में सेवा दी। वह उन्नत लड़ाकू विमान F-35 के इंस्ट्रक्टर पायलट रहे हैं। इसके अलावा उन्होंने F-4, F-15, F-16 और A-10 जैसे विमानों पर भी उड़ान भरी और सिमुलेटर ट्रेनिंग दी।

2023 से शुरू किया कथित प्रशिक्षण

आरोप है कि अगस्त 2023 से ब्राउन ने चीनी सैन्य पायलटों को ट्रेनिंग देने के लिए अनुबंध करने शुरू किए। दिसंबर 2023 में वह चीन गए और वहां कथित रूप से सिमुलेटर व वास्तविक उड़ान प्रशिक्षण दिया। जांच में यह भी सामने आया है कि उन्होंने अमेरिकी वायुसेना के ऑपरेशंस से संबंधित जानकारी पर विस्तृत ब्रीफिंग दी।

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बताया गया है कि वह फरवरी 2026 में अमेरिका लौटे, जिसके बाद उनके खिलाफ कार्रवाई तेज हुई।

FBI ने कहा – राष्ट्रीय सुरक्षा से समझौता

एफबीआई के काउंटरइंटेलिजेंस और एस्पियोनेज डिवीजन के असिस्टेंट डायरेक्टर रोमन रोज़हावस्की ने कहा कि आरोप बेहद गंभीर हैं। उनके मुताबिक, यदि आरोप सिद्ध होते हैं तो यह उस शपथ का उल्लंघन है जो किसी सैन्य अधिकारी को अपने देश की रक्षा के लिए दी जाती है।

रिटायरमेंट के बाद भी रक्षा क्षेत्र से जुड़े रहे

1996 में सक्रिय ड्यूटी से सेवानिवृत्त होने के बाद ब्राउन ने कमर्शियल पायलट के रूप में काम किया और अमेरिकी रक्षा कंपनियों के लिए कॉन्ट्रैक्ट सिमुलेटर इंस्ट्रक्टर की भूमिका निभाई।

फिलहाल मामले की जांच जारी है। यदि आरोप साबित होते हैं तो ब्राउन को कठोर सजा का सामना करना पड़ सकता है। यह मामला अमेरिका-चीन संबंधों और राष्ट्रीय सुरक्षा के संदर्भ में बेहद संवेदनशील माना जा रहा है।

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फारस की खाड़ी में कतर का सैन्य हेलीकॉप्टर क्रैश, 6 की मौत; युद्ध के बीच हादसे ने बढ़ाई चिंता

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फारस की खाड़ी में क्रैश हुआ कतर का सैन्य हेलीकॉप्टर, बचाव टीमें तलाश अभियान में जुटी

मध्य पूर्व में जारी तनावपूर्ण माहौल के बीच एक बड़ी घटना सामने आई है। कतर का एक सैन्य हेलीकॉप्टर रविवार को फारस की खाड़ी में दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिसमें 6 लोगों की मौत की पुष्टि की गई है। हादसे के बाद से एक व्यक्ति अब भी लापता है, जिसकी तलाश जारी है।

कतर के आंतरिक मंत्रालय के मुताबिक यह दुर्घटना देश के क्षेत्रीय जल में हुई। बचाव अभियान तेजी से चलाया जा रहा है, जिसमें कोस्ट गार्ड और आंतरिक सुरक्षा बल की टीमें शामिल हैं। हालांकि अब तक मृतकों की पहचान और उनकी राष्ट्रीयता को लेकर आधिकारिक रूप से कोई स्पष्ट जानकारी साझा नहीं की गई है।

रक्षा मंत्रालय ने इस हादसे के पीछे प्रारंभिक कारण “तकनीकी खराबी” बताया है। जानकारी के अनुसार हेलीकॉप्टर नियमित ड्यूटी पर था और उसी दौरान अचानक नियंत्रण खो बैठा, जिसके बाद वह समुद्र में गिर गया। मंत्रालय ने यह भी कहा है कि दुर्घटना के सटीक कारणों का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है।

यह घटना ऐसे समय में हुई है जब ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच तनाव चरम पर है। खाड़ी क्षेत्र में लगातार बढ़ती सैन्य गतिविधियों और हमलों के बीच इस हादसे ने सुरक्षा को लेकर नई चिंताएं पैदा कर दी हैं।

हालांकि कतर सरकार ने साफ किया है कि इस हेलीकॉप्टर क्रैश में किसी भी तरह की दुश्मन कार्रवाई के संकेत नहीं मिले हैं। अधिकारियों का कहना है कि अभी तक उपलब्ध जानकारी के आधार पर इसे एक तकनीकी दुर्घटना ही माना जा रहा है।

बीते दिनों खाड़ी क्षेत्र में ईरान द्वारा अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाए जाने की खबरें भी सामने आई थीं, जिससे क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है। ऐसे में इस दुर्घटना को लेकर शुरुआती स्तर पर कई तरह की आशंकाएं जताई गईं, लेकिन कतर ने उन्हें खारिज कर दिया है।

विशेषज्ञों का मानना है कि भले ही यह एक तकनीकी हादसा हो, लेकिन मौजूदा हालात में इस तरह की घटनाएं क्षेत्रीय अस्थिरता को और बढ़ा सकती हैं। खाड़ी क्षेत्र वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति का एक महत्वपूर्ण केंद्र है, ऐसे में किसी भी प्रकार की असामान्य घटना का असर व्यापक स्तर पर देखने को मिल सकता है।

फिलहाल कतर सरकार ने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है और जांच पूरी होने तक किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से बचने की अपील की है। बचाव दल लापता व्यक्ति की तलाश में लगातार जुटे हुए हैं।

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