फाल्गुन संकष्टी चतुर्थी 2026: जानें व्रत का महत्व, चंद्रमा उदय का समय और भगवान गणेश की विधिपूर्वक पूजा

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Javed Haider Zaidi

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"फाल्गुन संकष्टी चतुर्थी 2026: भगवान गणेश की पूजा करते हुए व्रत, चंद्रमा उदय का समय 5 फरवरी रात 9:50 बजे"

फाल्गुन संकष्टी चतुर्थी 2026: फाल्गुन माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि 5 फरवरी 2026 को द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थी का व्रत रखा जाएगा। संकष्टी चतुर्थी व्रत को भगवान गणेश की विशेष उपासना का दिन माना जाता है। इस दिन का व्रत कठिन लेकिन अत्यंत फलदायी माना गया है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस व्रत को करने वाले व्यक्ति के जीवन में आने वाली सभी बाधाएं और संकट दूर होते हैं और सुख-समृद्धि का मार्ग प्रशस्त होता है।

संकष्टी चतुर्थी का विशेष महत्व है कि व्रत का पारण केवल चंद्रमा के उदय के बाद ही किया जाता है। इस बार 5 फरवरी को चंद्रोदय रात 9:50 बजे होगा। पंचांग के अनुसार, फाल्गुन माह की कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि का आरंभ 5 फरवरी को रात 12:09 बजे होगा और इसका समापन 6 फरवरी को रात 12:22 बजे होगा। इस तिथि के दौरान सूर्योदय से लेकर चंद्रोदय तक कठिन व्रत का पालन किया जाता है।

संकष्टी चतुर्थी व्रत का धार्मिक महत्व अत्यधिक माना गया है। इसे “संकटों को हरने वाली चतुर्थी” कहा जाता है। भगवान गणेश बुद्धि, सौभाग्य, समृद्धि और विवेक प्रदान करने वाले हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार जो व्यक्ति संकष्टी व्रत विधिपूर्वक करता है, उसके जीवन की परेशानियां समाप्त होती हैं और सुख-सौभाग्य में वृद्धि होती है।

संकष्टी चतुर्थी व्रत का पालन करते समय इन मंत्रों का जाप अत्यंत लाभकारी माना जाता है:

  1. श्री वक्रतुण्ड महाकाय सूर्य कोटी समप्रभा।
    निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्व-कार्येषु सर्वदा॥
  2. ॐ श्रीं गं सौभाग्य गणपतये।
    वर्वर्द सर्वजन्म में वषमान्य नमः॥
  3. ॐ एकदन्ताय विद्महे, वक्रतुण्डाय धीमहि, तन्नो दन्ति प्रचोदयात्॥
  4. ॐ वक्रतुण्डाय हुम्॥
  5. ॐ गं गणपतये नमः॥

संकष्टी चतुर्थी व्रत का पालन करने से न केवल मानसिक शांति प्राप्त होती है, बल्कि जीवन में आने वाले अवरोध भी दूर होते हैं। इस दिन विशेष रूप से भगवान गणेश की पूजा और मंत्र जाप करने से जीवन में बुद्धि, समृद्धि और सौभाग्य की वृद्धि होती है।

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इस वर्ष फाल्गुन माह में आने वाली द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थी के अवसर पर श्रद्धालुओं को संकष्टी व्रत का पालन करके अपने जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का अवसर प्राप्त होगा।

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पीएम मोदी 28 मार्च को करेंगे नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का उद्घाटन, सीएम योगी ने लिया तैयारियों का जायजा

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नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे

नोएडा में बने नए अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के उद्घाटन की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को हवाई अड्डे का निरीक्षण किया और उद्घाटन समारोह की तैयारियों का जायजा लिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस हवाई अड्डे का उद्घाटन 28 मार्च को करेंगे, जिससे नोएडा और आसपास के क्षेत्रों के लिए हवाई यातायात में नई गति आने की संभावना है।

जेवर स्थित हवाई अड्डे का दौरा

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लखनऊ से गाजियाबाद के हिंडन हवाई अड्डे पहुंचे और वहां से हेलीकॉप्टर के माध्यम से जेवर स्थित नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पहुंचे। लगभग डेढ़ घंटे तक चली बैठक में अधिकारियों ने उद्घाटन समारोह की रूपरेखा, सुरक्षा योजना, जनसभा के लिए संभावित संख्या, बैठने की व्यवस्था और अन्य तैयारियों की जानकारी दी।

सुरक्षा और प्रशासनिक तैयारियां

सीएम योगी ने हवाई अड्डे और जनसभा स्थल का निरीक्षण किया और सुरक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा की। इस दौरान उत्तर प्रदेश शासन के अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार और विशेष सचिव ईशान प्रताप सिंह भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री के आगमन के दौरान सुरक्षा, साफ-सफाई, पेयजल, विद्युत आपूर्ति, चिकित्सा सुविधा, अग्नि सुरक्षा और आपातकालीन सेवाओं का विशेष ध्यान रखा जाएगा।

पार्किंग और जनसभा व्यवस्थाओं पर ध्यान

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसभा स्थल पर पार्किंग व्यवस्था सुव्यवस्थित रूप से बनाई जाए। इसके अलावा, सभी आवश्यक व्यवस्थाओं का समुचित इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।

वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति

इस अवसर पर गौतमबुद्ध नगर के सांसद डॉक्टर महेश शर्मा, प्रभारी मंत्री कुंवर बृजेश सिंह, जेवर के विधायक धीरेंद्र सिंह, पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह, जिलाधिकारी मेघा रूपम, यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के CEO राकेश कुमार सिंह, नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा लिमिटेड के CEO क्रिस्टोफ श्रेलमैन और COO किरण जैन सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के संचालन से न केवल प्रदेश बल्कि पूरे उत्तर भारत के लिए हवाई यात्रा और वाणिज्यिक अवसरों में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है। विशेषज्ञों के अनुसार, हवाई अड्डे के शुरू होने से व्यापार, पर्यटन और रोजमर्रा की यातायात सुविधा में उल्लेखनीय बदलाव देखने को मिलेगा।

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