Earthquake in Kachchh: गुजरात के कच्छ जिले में शुक्रवार की सुबह भूकंप के झटके महसूस किए गए। भूकंप की तीव्रता 4.2 मैग्निट्यूड के आसपास रही। भूकंप का केंद्र कच्छ के सुदूर इलाके में बताया गया है। स्थानीय लोगों में अचानक झटके के बाद भय और दहशत का माहौल बन गया।
झटके और प्रभावित क्षेत्र
सूत्रों के अनुसार, भूकंप सुबह लगभग 7:45 बजे महसूस किया गया। अधिकांश झटके कच्छ और आसपास के इलाकों में अधिक महसूस हुए। कई ग्रामीण और शहर के लोग अपने घरों और कार्यालयों से बाहर निकल आए।
भूकंप के बाद, जिला प्रशासन ने लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने और संयम बरतने की चेतावनी दी। स्थानीय आपदा प्रबंधन विभाग ने अलर्ट जारी किया है और इमारतों की जांच शुरू कर दी है।
प्रशासन और आपदा प्रबंधन की तैयारी
कच्छ जिला प्रशासन और राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (GSDMA) ने तुरंत निगरानी शुरू कर दी है। अधिकारी यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि किसी भी तरह की सुरक्षा या राहत गतिविधियों में देर न हो।
स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल कोई गंभीर जान-माल की हानि की खबर नहीं है, लेकिन नागरिकों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।
लोगों की प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों ने बताया कि भूकंप के झटके कुछ सेकंड के लिए तीव्र महसूस हुए, जिससे लोग बाहर निकल आए। कई लोगों ने मोबाइल और सोशल मीडिया के माध्यम से आपसी संपर्क बनाए रखा और अपने परिवारों की सुरक्षा की जानकारी साझा की।
भूकंप के डर के कारण स्कूलों और ऑफिसों में थोड़ी देर के लिए अव्यवस्था रही, लेकिन अधिकारी लोगों को शांति बनाए रखने और अफवाहों से बचने की अपील कर रहे हैं।
भूकंप की वैज्ञानिक जानकारी
भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (GSI) के अनुसार, भूकंप की तीव्रता 4.2 रेक्टर स्केल मापी गई है। भूकंप का केंद्र भूमि की सतह से 10–15 किलोमीटर गहराई में माना गया है। इस तरह का भूकंप सामान्य तौर पर हल्के झटके महसूस कराता है, लेकिन बड़े नुकसान की संभावना कम होती है।
वैज्ञानिकों का कहना है कि कच्छ क्षेत्र भूकंप-प्रवण क्षेत्र में आता है, इसलिए नागरिकों को नियमित रूप से सुरक्षा उपायों और आपदा तैयारियों से अवगत रहना चाहिए।
नागरिकों के लिए सुरक्षा सलाह
- घबराएँ नहीं: हल्के झटके के समय शांति बनाए रखें।
- सुरक्षित स्थान चुनें: भवन के बाहर खुले मैदान या सुरक्षित क्षेत्र में जाएँ।
- सुरक्षा सामग्री तैयार रखें: मोबाइल, टॉर्च और आवश्यक दवाइयाँ हमेशा हाथ में रखें।
- अफवाहों से बचें: केवल आधिकारिक चैनलों से जानकारी लें।
- भूकंप बाद की जांच: घर या इमारतों में किसी भी प्रकार के नुकसान की जांच करें।
आगे की निगरानी
राज्य आपदा प्राधिकरण ने कहा है कि भूकंप के झटके लगातार मॉनिटर किए जा रहे हैं और जरूरत पड़ने पर राहत टीमें तुरंत कार्रवाई करेंगी। नागरिकों को सतर्क और संयमित रहने की अपील की गई है।