दिल्ली में सोमवार, 9 फरवरी की सुबह उस वक्त अफरा-तफरी मच गई जब शहर के 9 नामी स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी मिली। दिल्ली पुलिस के अनुसार, ये धमकी भरे कॉल सुबह करीब 8:30 से 9:00 बजे के बीच आए, जिसके बाद पूरे प्रशासनिक तंत्र को अलर्ट पर रखा गया।
सूचना मिलते ही दिल्ली पुलिस, फायर ब्रिगेड और बम निरोधक दस्ते की टीमें तत्काल संबंधित स्कूलों में पहुंचीं। सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सभी स्कूल परिसरों को एहतियातन खाली कराया गया और सघन तलाशी अभियान शुरू किया गया। फिलहाल किसी भी स्कूल से संदिग्ध वस्तु मिलने की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सर्च ऑपरेशन पूरी गंभीरता के साथ जारी है।
साउथ दिल्ली समेत कई इलाकों में असर
धमकी का सबसे ज्यादा असर साउथ दिल्ली में देखने को मिला, जहां तीन स्कूलों को सीधे तौर पर कॉल आने की जानकारी सामने आई है। इसके अलावा रोहिणी, दिल्ली कैंट और मध्य दिल्ली के कुछ इलाकों के स्कूल भी धमकी की जद में आए। सभी जगह एक समान सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू किया गया।
बच्चों की सुरक्षा सर्वोपरि
स्कूल प्रशासन ने बिना किसी देरी के कक्षाएं रोक दीं और अभिभावकों को तुरंत सूचना दी गई। बच्चों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया, कई स्कूलों में उन्हें बसों और निजी वाहनों से घर भेजा गया। मौके पर मौजूद अभिभावकों में चिंता साफ दिखी, लेकिन पुलिस और स्कूल प्रशासन ने हालात को संभालते हुए लोगों को आश्वस्त किया कि सुरक्षा में कोई कमी नहीं छोड़ी जाएगी।
किन स्कूलों को मिली धमकी
धमकी मिलने वाले स्कूलों में दिल्ली कैंट का लॉरेटो कॉन्वेंट स्कूल, श्रीनिवासनपुरी स्थित केम्ब्रिज स्कूल, एनएफसी का केम्ब्रिज स्कूल, सादिक नगर स्थित इंडियन स्कूल, रोहिणी का वेंकटेश्वर स्कूल, सीएम श्री स्कूल, बाल भारती स्कूल, डीटीए स्कूल और न्यू राजेंद्र नगर का वनस्थली स्कूल शामिल हैं।
कॉल करने वालों की तलाश तेज
दिल्ली पुलिस ने बताया कि धमकी देने वालों की पहचान के लिए तकनीकी जांच शुरू कर दी गई है। कॉल की लोकेशन, इस्तेमाल किए गए नंबर और अन्य डिजिटल सबूतों की गहन पड़ताल की जा रही है। शुरुआती जांच में मामला अफवाह या शरारत का भी हो सकता है, लेकिन पुलिस किसी भी संभावना को नजरअंदाज नहीं कर रही है।
अफवाहों से बचने की अपील
पुलिस ने आम लोगों और अभिभावकों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें। फिलहाल हालात पूरी तरह नियंत्रण में हैं और सभी स्कूलों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी निगरानी में रखी गई है।