Elon Musk (एलन मस्क) की अंतरिक्ष इंटरनेट सेवा स्टारलिंक (Starlink) ने हाल ही में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। कंपनी ने सिर्फ 7 हफ्तों में 1 मिलियन नए सब्सक्राइबर्स जोड़ लिए हैं, जो इसे वैश्विक स्तर पर इंटरनेट सेवाओं में सबसे तेजी से बढ़ने वाला प्लेटफॉर्म बनाता है।
स्टारलिंक के इस ताज़ा आंकड़े से यह स्पष्ट होता है कि सैटेलाइट आधारित इंटरनेट सेवाओं की मांग लगातार बढ़ रही है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां पारंपरिक ब्रॉडबैंड इंटरनेट कनेक्शन सीमित है।
भारत में लॉन्च की प्रतीक्षा
भारत में स्टारलिंक की सेवाओं का इंतजार लंबे समय से किया जा रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी ने भारत में 2026 के मध्य तक अपनी सेवा लॉन्च करने की योजना बनाई है। भारत में इसका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण और दूरदराज के इलाकों में तेज़ और विश्वसनीय इंटरनेट कनेक्शन प्रदान करना है।
स्टारलिंक की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह पारंपरिक केबल और फाइबर नेटवर्क की सीमाओं से मुक्त है। इसका सैटेलाइट-आधारित इंटरनेट सेवा ग्रामीण इलाकों में भी उच्च गति और स्थिर कनेक्टिविटी प्रदान कर सकती है।
तेज़ी से बढ़ते सब्सक्राइबर
विशेषज्ञों का कहना है कि स्टारलिंक की इस सफलता का मुख्य कारण इसकी उच्च स्पीड और लो लेटेंसी इंटरनेट सेवा है। कंपनी ने यह साबित कर दिया है कि यदि तकनीक भरोसेमंद हो और सेवा सुलभ हो, तो उपयोगकर्ताओं की संख्या तेजी से बढ़ सकती है।
स्टारलिंक ने अपने नेटवर्क विस्तार के लिए लगातार नए सैटेलाइट लॉन्च किए हैं। इससे कंपनी की कवरेज में सुधार हुआ है और ग्राहकों को बेहतर अनुभव मिल रहा है।