WhatsApp Subscription: WhatsApp यूजर्स के लिए एक अहम खबर सामने आ रही है। हालिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, WhatsApp के नए एंड्रॉयड वर्जन 2.26.3.9 के कोड में कुछ ऐसी नई स्ट्रिंग्स देखी गई हैं, जो इस बात की ओर इशारा करती हैं कि कंपनी भविष्य में सब्सक्रिप्शन मॉडल पर काम कर रही है। अगर ऐसा होता है, तो WhatsApp का इस्तेमाल पूरी तरह फ्री न रहकर एक नए मॉडल में बदल सकता है।
हालांकि, अभी तक WhatsApp या उसकी पेरेंट कंपनी Meta की ओर से कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन टेक रिपोर्ट्स में सामने आई जानकारी ने यूजर्स के बीच चर्चा तेज कर दी है।
WhatsApp में सब्सक्रिप्शन क्यों लाया जा सकता है?
पिछले कुछ समय से Meta, WhatsApp को नए तरीकों से मॉनेटाइज करने पर काम कर रही है। साल 2025 में कंपनी ने Status और Channels सेक्शन में विज्ञापन दिखाने की टेस्टिंग शुरू की थी। इस फैसले पर यूजर्स की मिली-जुली प्रतिक्रिया देखने को मिली, लेकिन इसके बावजूद Meta ने साफ संकेत दिए थे कि वह WhatsApp के लिए नए रेवेन्यू मॉडल तलाश रही है।
अब ताजा रिपोर्ट्स के अनुसार, कंपनी Ad-Free अनुभव देने के लिए पेड सब्सक्रिप्शन का विकल्प ला सकती है।
WhatsApp Ad-Free Subscription: क्या बदलेगा यूजर्स के लिए?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, अगर भविष्य में यह सब्सक्रिप्शन मॉडल लागू होता है तो:
- जो यूजर्स सब्सक्रिप्शन नहीं लेंगे, उन्हें WhatsApp के Status और Channels सेक्शन में विज्ञापन देखने पड़ सकते हैं।
- जो यूजर्स पैसे देकर सब्सक्रिप्शन लेंगे, उन्हें Ad-Free WhatsApp अनुभव मिलेगा।
- सब्सक्रिप्शन का फोकस फिलहाल सिर्फ Status और Channels में दिखने वाले विज्ञापनों को हटाने पर बताया जा रहा है।
- चैट्स, कॉलिंग और पर्सनल मैसेजिंग जैसे फीचर्स पर विज्ञापनों का कोई संकेत नहीं मिला है।
सब्सक्रिप्शन की कीमत और लॉन्च को लेकर क्या जानकारी है?
फिलहाल, इन अहम सवालों पर कोई आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है:
- सब्सक्रिप्शन की कीमत कितनी होगी?
- विज्ञापन हटाने के अलावा इसमें और कौन-कौन से फीचर्स मिलेंगे?
- यह फीचर कब और किन देशों में लॉन्च किया जाएगा?
टेक रिपोर्ट्स के मुताबिक, WhatsApp अभी इस आइडिया पर काम कर रहा है और यूजर फीडबैक के आधार पर इसमें बदलाव भी संभव है।
क्या WhatsApp पूरी तरह पेड हो जाएगा?
यह स्पष्ट करना जरूरी है कि मौजूदा जानकारी के अनुसार, WhatsApp को पूरी तरह पेड करने की कोई पुष्टि नहीं हुई है। रिपोर्ट्स सिर्फ यह संकेत देती हैं कि कंपनी यूजर्स को एक विकल्प दे सकती है —
या तो विज्ञापनों के साथ फ्री इस्तेमाल करें, या फिर सब्सक्रिप्शन लेकर विज्ञापन से छुटकारा पाएं।