दिल्ली में वायु प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे एक बार फिर वर्क फ्रॉम होम (Work From Home) और स्कूलों के हाइब्रिड क्लासेस पर चर्चा तेज हो गई है। राष्ट्रीय राजधानी में शनिवार शाम वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 400 के पार पहुंच गया, जबकि कुछ इलाकों में यह आंकड़ा 428 तक भी पहुँच गया। इस बढ़ते प्रदूषण के मद्देनजर वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने GRAP-4 (सीवियर प्लस) लागू करने का फैसला किया है।
GRAP-4 का मतलब और क्या होता है?
ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) के तहत वायु गुणवत्ता के आधार पर विभिन्न चरणों में पाबंदियां लागू की जाती हैं। इसका मकसद नागरिकों को प्रदूषण के स्वास्थ्य जोखिम से बचाना और राजधानी में प्रदूषण पर नियंत्रण रखना है। GRAP-4 लागू होने का मतलब है कि दिल्ली में स्थिति गंभीर हो गई है और इस दौरान कई गतिविधियों पर रोक लगाई जाती है।
GRAP-4 में लागू पाबंदियां:
- निर्माण कार्यों पर रोक: निर्माण स्थल (Construction Sites) पर सभी गैर-जरूरी गतिविधियां बंद रहेंगी।
- भारी वाहनों पर प्रतिबंध: डीजल वाले ट्रक, लोडर और अन्य भारी वाहनों के शहर में प्रवेश पर पाबंदी रहेगी। हालांकि, दूध, गैस सिलिंडर और जरूरी आपूर्ति करने वाले वाहन इससे मुक्त होंगे।
- दफ्तरों में आधा स्टाफ वर्क फ्रॉम होम: सरकारी और प्राइवेट दफ्तरों में कर्मचारियों की संख्या 50% तक सीमित रहेगी। बाकी कर्मचारियों को घर से ही काम करने का निर्देश दिया गया है।
- स्कूलों में हाइब्रिड क्लासेस: बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए स्कूलों को ऑनलाइन और ऑफलाइन क्लासेस के हाइब्रिड मोड में संचालन करने का आदेश दिया गया है।
GRAP के अन्य चरण:
- GRAP I: खराब (AQI 201-300)
- GRAP II: बहुत खराब (AQI 301-400)
- GRAP III: गंभीर (AQI 401-450)
- GRAP IV: सीवियर प्लस (AQI 450 से ऊपर)
CAQM ने बताया कि शनिवार को शाम 4 बजे दिल्ली का AQI 400 तक पहुँच गया था, जो चार घंटे के भीतर बढ़कर 428 तक पहुंच गया। इस बढ़ोतरी के पीछे खराब मौसम, पश्चिमी विक्षोभ और हवा में प्रदूषकों के फैलाव की कमी जैसे कारण हैं। आयोग ने स्पष्ट किया कि GRAP-4 लागू करने का यह फैसला एहतियात के तौर पर लिया गया है ताकि दिल्लीवासियों की सेहत को नुकसान न पहुंचे।
क्या अब वर्क फ्रॉम होम अनिवार्य है?
GRAP-4 लागू होने के साथ ही सरकारी और प्राइवेट दफ्तरों में आधे कर्मचारी घर से ही काम करेंगे। हालांकि, यह कदम पूरी तरह से सावधानी और सुरक्षा के लिए लिया गया है, ताकि वायु प्रदूषण के गंभीर प्रभाव से बचा जा सके।
नागरिकों के लिए संदेश:
दिल्ली के नागरिकों से आग्रह किया गया है कि वे संभव हो तो घर से ही काम करें, बाहर मास्क पहनें और बच्चों को अनावश्यक बाहर जाने से रोकें। इस दौरान वाहन कम चलाना और गैर-जरूरी निर्माण कार्यों में भाग न लेना प्रदूषण नियंत्रण में मदद करेगा।
Conclusion / Takeaway:
GRAP-4 लागू होना दिल्लीवासियों के लिए चेतावनी है कि वायु प्रदूषण का स्तर गंभीर हो चुका है। आधे कर्मचारियों का वर्क फ्रॉम होम, स्कूलों की हाइब्रिड क्लासेस और भारी वाहनों पर प्रतिबंध जैसे कदम एहतियात और स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए बेहद जरूरी हैं।